बोले डेयरी संचालक: ऑटो में केन भरवाकर ला रहे, रास्ते में दूधिए रोक कर मारपीट पर उतारू
शिवपुरी। जल संकट से जूझ रहे शिवपुरी शहर में अब दूध भी ब्लैक में बिकने लगा। दूधियों की हड़ताल होने की वजह से शहर में कोई भी दूधिया नहीं आ रहा, जिसके चलते डेयरी संचालक विभिन्न क्लेक्शन सेंटर से दूध के केन ऑटो में रखकर मंगवा रहे हैं। महत्वपूर्ण बात यह है कि शहर की जनता पानी के बाद अब दूध के लिए परेशान है, लेकिन स्थानीय जनप्रतिनिधियों से लेकर वरिष्ठ नेता भी इस मामले में चुप्पी साधे हुए हैं।
शिवपुरी शहर के अस्पताल चौराहे पर स्थित डेयरी संचालक आनंद राठौर ने बताया कि बीते बुधवार को एडीएम शिवपुरी ने दूधियों व डेयरी संचालकों से बातचीत करने के लिए बुलाया था। जिसमें यह तय किया गया कि अभी 5 रुपए दाम बढ़ा देते हैं, लेकिन जब बरसात होने लगेगी और हर तरफ हरा चारा मिलने से मवेशी भी अधिक दूध देने लगेंगे, तब बढ़े हुए दाम कम कर दिए जाएंगे। इस बात पर दूधिया तैयार नहीं हुए, इस वजह से हड़ताल खत्म नहीं हुई।
बुधवार की शाम को आनंद डेयरी के अलावा अन्य स्थानों पर दूध नहीं मिला, तो नवाब साहब रोड पर एक दुकान पर दूध तो मिला, लेकिन शॉर्टेज का फायदा उठाते हुए 70 रुपए किलो रेट में दूध दिया। डेयरी संचालक आनंद का कहना है कि हम जब ऑटो आदि साधनों से दूध मंगवाते हैं, तो रास्ते में दूधिया ऑटो रोककर मारपीट करने एवं दूध फैलाने के लिए तैयार रहते हैं। बीती रात बडागांव से दूध लाते समय दूधियों ने रोक लिया था, तब सूचना देने पर पुलिस भी आ गई थी। आनंद ने बताया कि आज वो लोग पुलिस अधीक्षक से इस संबंध में बात करने जाएंगे कि दूध लाते समय पुलिस की सुरक्षा मिल सके।
कम रेट में बेच रहे गुना में दूध:
चूंकि हर दिन मवेशियों से निकलने वाले दूध को अधिक समय तक सुरक्षित नहीं रख सकते। चूंकि शिवपुरी में दूध लेकर दूधिए आ नहीं पा रहे, इसलिए दूध विक्रेता इकठ्ठा करके दूध गुना में कम रेट ओर दूध बेचने ले जा रहे हैं, लेकिन शिवपुरी नहीं ला रहे।

ऑटो में भरकर ला रहे दूध के केन, जिन्हें रोक रहे दुधिया



