
आपराधिक अंदाज में आईपीएस को धमकी में पिता को शामिल करना गलत, पहले अपराधों से, तो अब विवादों से पुराना नाता है प्रीतम का
कानून की जानकारी विधायक को है, यह दावा उनका सही, हलफनामे में अपराधों की फेहरिस्त थी, पुलिस पर रुपए का आरोप भी
शिवपुरी से सैमुअल दास:
सोमवार 20 अप्रैल को एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें पिछोर विधायक ने बिल्कुल आपराधिक अंदाज में करेरा एसडीओपी (आईपीएस) आयुष जाखड़ को धमकी भरे अंदाज में चेतावनी दी कि मेरा बेटा करेरा आएगा, तेरे डैडी में दम हो तो रोक लेना। किसी आईपीएस को इस तरह खुलेआम वीडियो पर धमकी में आईपीएस के पिता को शामिल करना गलत है। विधायक प्रीतम लोधी का पहले अपराधों से, और अब राजनीति आने के बाद विवादों से नाता रहा है। एक बार ब्राह्मण समाज के खिलाफ बोलने पर भाजपा ने 6 साल के लिए निष्कासित किया, और फिर एक साल बाद ही वापस भी ले लिया। विधायक ने पुलिस पर पैसों का आरोप लगाया है, हालांकि करेरा पुलिस पर इस तरह के आरोप पहले भी लग चुके हैं।
लगातार 6 बार से कांग्रेस के विधायक केपी सिंह ने पिछोर विधानसभा छोड़ी तो उनके चेले अरविंद लोधी को हराकर भाजपा से विधायक बने प्रीतम लोधी मूलतः जलालपुर ग्वालियर के रहने वाले हैं। शिवपुरी जिले की पिछोर विधानसभा सीट को 30 साल से हार रही भाजपा ने प्रीतम लोधी पर इसलिए दांव खेला, क्योंकि केपी सिंह के साथ बाहुबली नाम जुड़ा हुआ था। लोधी वोटर पिछोर में बड़ी संख्या में हैं, तथा 6 बार से एक ही चेहरे को देखकर ऊबे लोगों ने प्रीतम को 21 हजार से अधिक वोटों से जिता दिया। चुनाव के दौरान जब प्रत्याशियों के हलफनामे समाचार पत्रों में छपे थे, तब प्रीतम लोधी पर दर्ज मामलों की लंबी फेहरिस्त थी।
चूंकि अपराधी और पुलिस का पुराना व मजबूत रिश्ता होता है, लेकिन विधायक बनने के बाद तेवर बदले हुए हैं। एक्सीडेंट वाले दिन तो विधायक ने जनता के दर्द को प्राथमिकता देते हुए बेटे पर मामला दर्ज करने की बात कही थी। दो दिन बाद पुलिस ने जब पूछताछ की और घटनास्थल दिखाने के नाम पर अघोषित जुलूस निकाला, वो सब देखकर विधायक को अहसास हुआ कि वो एक पिता भी हैं। शायद ऐसा ही कुछ हुआ होगा, जिसके चलते प्रीतम लोधी ने पुराने अंदाज में एक वीडियो बनवाकर वायरल करवा दिया। इसमें उन्होंने पुलिस पर रुपए लेने का आरोप भी लगाया, तो क्या करेरा पुलिस ने विधायक पुत्र से भी कोई डिमांड रखी थी..?






