
शादी के 12 घंटे बाद ही दूल्हा, दुल्हन, दूल्हे की मां व भाभी की दर्दनाक मौत, ट्रोला के नीचे दबकर खत्म हुए जीवन के सपने
ऑटो से विदा करके ले जा रहा था अपने घर, बीच रास्ते में मौत बनकर आया मुर्गी दाने से भरा ट्रोला, किस्मत से बचे ड्राइवर व दूल्हे की बहन
शिवपुरी। बीती रात शिवपुरी शहर की संजय कॉलोनी में स्थित मंदिर में तेंदुआ थाना क्षेत्र के ग्राम राजगढ़ निवासी वीरेंद्र शाक्य की शादी राजेश्वरी शाक्य से हुई। वैवाहिक रस्मों को पूरा करने के बाद वीरेंद्र अपनी जीवन संगिनी को ऑटो में बिठाकर अपने घर के लिए रवाना हुआ। लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था, जिसके चलते न केवल दूल्हा- दुल्हन, बल्कि दूल्हे की मां और भाभी की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई।
शिवपुरी की संजय कॉलोनी से जब राजेश्वरी शाक्य की विदा हुई तो उसके परिजनों ने उसे सौभाग्यवती होने का आशीर्वाद देकर विदा किया। राजेश्वरी के साथ उसका पति वीरेंद्र, सास अन्वेष (50) एवं जेठानी राजो (22) के अलावा ननद भूरिया (19) भी उस ऑटो में सवार होकर राजगढ़ के लिए रवाना हुए। चूंकि ऑटो में दूल्हा-दुल्हन के अलावा परिवार की अन्य महिलाएं थीं, तो टोंगरा रोड के मोड़ पर ड्राइवर ने ऑटो खड़ा करके वो भूरिया के साथ पास की दुकान से सामान लेने चला गया। दोपहर लगभग 12 बजे जब ऑटो में बैठा यह नवविवाहित जोड़ा अपने वैवाहिक जीवन के सपने बुन रहा था कि तभी मुर्गी दाना से भरा ट्रोला मुड़ते समय अनियंत्रित होकर ऑटो के ऊपर पलट गया। ऑटो में बैठे चारों लोगों की चीख भी बाहर सुनाई नहीं दी, और उनके शव ऑटो और ट्रोला के बीच दबे रह गए।
इस हादसे में वीरेंद्र, राजेश्वरी, अन्वेष एवं राजो शाक्य की दर्दनाक मौत हो गई। हादसे के बाद ऑटो ड्राइवर और दूल्हे की बहन भूरिया बदहवास से खड़े थे, क्योंकि इतना भारी ट्रोला ऑटो पर पलटने के बाद किसी के जिंदा बचने की कोई उम्मीद नहीं थी। बाद में क्रेन की मदद से ट्रोला को ऑटो से हटवाया, तब कहीं जाकर लाशों को बाहर निकाला गया।
भूरिया की आज थी लग्न
इस हादसे में ऑटो ड्राइवर के साथ सामान लेने के लिए उतरने की वजह से बची दूल्हे की बहन भूरिया की शनिवार को लगन आने वाली थी। परिवार ने यह तय किया था कि वीरेंद्र की बहू को जब ले आएंगे, तब बेटी की विदाई की रस्म शुरू करेंगे। लेकिन किसी को क्या ओटा था कि बीच रास्ते में ही यह परिवार दुनिया छोड़ जाएगा।






