
जहां से चल रही गांव की सरकार- वहीं लग रहे भ्रष्टाचार के आरोप, आवास के नाम पर सचिव मांग रहा 10 हजार
स्वास्थ्य विभाग के 400 आउटसोर्स कर्मचारी वेतन के लिए परेशान, 5 माह में एक बार दिया आधा वेतन
शिवपुरी। गांव की सरकार यानि जिला पंचायत की अध्यक्ष कोलारस में निवास करती हैं, लेकिन उनके ही क्षेत्र में आवास जैसी योजना में भ्रष्टाचार के आरोप लग रहे हैं। उधर स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत आउटसोर्स कर्मचारियों को 5 माह में एक बार वेतन दिया गया, वो भी आधा। जिसके चलते कर्मचारी भी कामबंद हड़ताल पर जाने का मन बना रहे हैं।
कोलारस तहसील की ग्राम पंचायत गणेशखेदाए रहने वाले दिव्यांग देवेंद्र वर्मा ने बताया कि 3 माह पूर्व मेरा नाम आवास सूची में शामिल था। पंचायत सचिव साहब सिंह रावत ने 10 हजार रुपए की मांग की, लेकिन जब नहीं दिया तो उसका नाम हटा दिया। गांव के ही विनोद व मनीष ने बताया कि हमारे आवास दो माह पूर्व स्वीकृत हुए, लेकिन रिश्वत न देने पर किश्त नहीं दी गई। दिव्यांग देवेंद्र ने जब सीएम हेल्पलाइन में शिकायत की तो जवाब दिया कि उसका पक्का मकान है, जबकि वो झोपड़ी में रहता है। शिकायत होने पर जनपद सीईओ दिनेश शाक्य ने जांच करवा कर रिपोर्ट जिला पंचायत को दे दी।
आउटसोर्स स्वास्थ्यकर्मी वेतन के लिए परेशान
शिवपुरी जिले उप स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र एवं जिला अस्पताल में कार्यरत 400 आउटसोर्स कर्मचारियों को 5 माह से वेतन नहीं मिला। भानु धाकड़ एवं पूजा बुनकर ने बताया कि हमारा वेतन 14250 रुपए है, लेकिन एक माह का केवल 7 हजार रुपए दी गई। आउटसोर्स कर्मचारियों ने कामबंद हड़ताल की चेतावनी दी है। उधर सीएमएचओ डॉ. संजय ऋषिश्वर का कहना है कि हमने कंपनी को पूरा भुगतान कर दिया है, अब हम कंपनी से बात करेंगे। महत्वपूर्ण बात यह है कि प्राइवेट कंपनियां नेताओं की हैं, जो कर्मचारियों का शोषण कर रही हैं, तथा उन्हें पीएफ की सुविधा भी नहीं दे रहीं।
बिना ड्राइवर के चला ट्रेक्टर, टला हादसा
कोलारस के जगतपुर तिराहे पर गुरुवार की शाम को कुम्हरौआ गांव के कृषक राजेंद्र धाकड़ ने अपना ट्रेक्टर गियर में डालकर खड़ा करके समान खरीदने चला गया। इसी बीच खोकर गांव के उत्तम चंदेल ने राजेंद्र के ट्रेक्टर में पीछे से टक्कर मार दी। जिसके चलते गियर में खड़ा ट्रेक्टर स्टार्ट होकर चल दिया। यह तो अच्छा रहा कि ट्रेक्टर की चपेट में कोई नहीं आया, अन्यथा बड़ा हादसा हो जाता। ट्रेक्टर एक पेड़ से टकरा कर रुक गया।






