
बैंक में जमा 25 लाख, इलाज के लिए भी नहीं मिल रहे, तो आयुष्मान कार्ड ही बनवा दो
सहकारी बैंक में आए 50 करोड़ का कड़वा सच, दिमाग की दो नसों में क्लॉट इलाज नहीं करवा पा रही सोनिया
शिवपुरी कलेक्ट्रेट में चल रही जनसुनवाई में पुणे से अपने मासूम बेटे के साथ शिकायत करने आई सोनिया त्रिपाठी के सिर की दो नसों के क्लॉट जमा होने की वजह से वो ठीक से बोल भी नहीं पा रहीं। उन्होंने बमुश्किल लंबी सांस लेकर हांफते हुए बताया कि कॉपरेटिव बैंक शिवपुरी में उनके सेविंग खाते में 8 लाख रुपए तथा एफडी आदि मिलाकर कुल 25 लाख रुपए जमा है। बावजूद इसके उन्हें अपना इलाज करवा नहीं पा रहीं। बैंक जितना पैसा देती है, उसमें MRI तक नहीं हो पा रही।
ज्ञात रहे कि सहकारी बैंक में 100 करोड़ रुपए का घोटाला होने से शिवपुरी जिले के हजारों लोगों के करोड़ों रुपए फंसे हुए हैं। बीते वर्ष शिवपुरी शहर में एक जश्न मनाने के साथ स्वागत सत्कार कार्यक्रम हुआ था, जिसमें बताया गया कि 50 करोड़ रुपए शिवपुरी को मिले है। लोगों को लगा कि अब हमारे जमा रुपए मिल जाएंगे, लेकिन सच्चाई सोनिया त्रिपाठी ने बयां कर दी, कि वो अपना ही पैसा वापस न मिलने से परेशान होकर आयुष्मान कार्ड की मांग भी कर रही है।
सोनिया जैसे न जाने कितने लोग जिले में ऐसे हैं, जिनके लाखों रुपए सहकारी बैंक में जमा होने के बाद भी उन्हें अपने इलाज, बच्चों की एजुकेशन या शादी आदि जैसे महत्वपूर्ण काम के लिए अपने ही रुपए नहीं मिल पा रहे। इसकी मुख्य वजह यह है कि सहकारी बैंक में घोटाला करने वालों पर एफआईआर दर्ज करके पुलिस व प्रशासन ने अपने कर्तव्य से इतिश्री कर ली, जबकि घोटालेबाज व उनका परिवार अभी ऐश की जिंदगी जी रहा है। घोटाले की राशि की रिकवरी के लिए कोई भी सार्थक प्रयास नहीं किए गए, जिसके चलते हजारों लोग अपने ही जमा रुपए के लिए परेशान होकर भटक रहे हैं।






