
50 साल से लापता है मेरा साला, उसके नाम की जमीन पर मेरी पत्नी की जगह गाँव के दबंगों का कब्जा
भाई के लापता होने के बाद बहन ने कराया उसके नाम की 10 बीघा जमीन का नामांतरण, दबंगों ने लगाई आपत्ति
शिवपुरी। जमीन घोटालों के लिए चर्चित करेरा तहसील का एक रोचक मामला सामने आया है, जिसकी शिकायत भी पीड़ित ने कलेक्टर शिवपुरी से की है।
करेरा के चिनोद गांव में रहने वाले वीरसिंह लोधी ने बताया कि मेरी पत्नी धनकू बाई का भाई केशव लोधी पिछले 50 साल से लापता है। जब वो लंबे समय से घर वापस नहीं आया, तो भाई केशव के नाम की 10 बीघा जमीन का नामांतरण उसकी बहन यानि वीरसिंह की पत्नी ने अपने नाम नामांतरण करवा ली।
वीरसिंह ने बताया कि मेरे साले केशव की जमीन पर गांव के ही तख्त लोधी, पदम लोधी एवं बलवान लोधी की नजर है। इसलिए जब धनकू ने अपने भाई की जमीन का नामांतरण अपने नाम करवाया, तो उक्त तीनों लोगों ने तहसील में यह आपत्ति लगा दी कि केशव अभी जिंदा है। उधर वीरसिंह और धनकू का कहना है कि यदि केशव जिंदा है तो वो लोग उसे सामने लेकर आएं।
उक्त तीनों दबंगों ने यह आपत्ति लगाकर जमीन को बेचने में न केवल रोक लगवा दी, बल्कि खुद उस जमीन पर काबिज हो गये हैं। वीरसिंह ने बताया कि यदि हम उस जमीन पर जाते हैं तो वो मारने की धमकी देते हैं। अब यह परेशान वृद्ध दंपत्ति अधिकारियों के दफ्तरों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन उनकी कहीं सुनवाई नहीं हो रही।
इस पूरे खेल में महत्वपूर्ण बात यह है कि तहसील के जिम्मेदारों ने भी एक अनावश्यक आपत्ति को सही मानकर उसकी बिक्री पर भी रोक लगा दी है। इस बीच धनकू ने साढ़े 4 बीघा जमीन विक्रय भी की, तो उस पर भी उक्त तीनों ने अपना कब्जा कर लिया है।






